ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टूडे। ग्रेटर नोएडा में पानी के बिल की बकाया धनराशि जमा करने वाले आवंटियों के लिए राहत पाने का आखिरी मौका नजदीक आ गया है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की ओर से लागू एकमुश्त समाधान योजना (OTS) के तहत जल शुल्क की बकाया धनराशि पर लगे ब्याज में 20 फीसदी की छूट 31 अगस्त 2026 तक दी जा रही है। इसके बाद यह योजना समाप्त हो जाएगी और बकाया ब्याज पर छूट का लाभ नहीं मिलेगा।

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ सुनील कुमार सिंह ने बताया कि प्राधिकरण की विगत बोर्ड बैठक में जल शुल्क के बकाएदारों को राहत देने के लिए तीन महीने की एकमुश्त समाधान योजना लागू की गई थी। योजना के तहत अलग-अलग समयसीमा में बकाया ब्याज पर अलग-अलग छूट का प्रावधान किया गया।

पहले 40 फीसदी, फिर 30 फीसदी और अब 20 फीसदी छूट

OTS योजना के तहत बकाएदारों को चरणबद्ध तरीके से ब्याज में छूट दी गई। 30 जून तक बकाया धनराशि के ब्याज पर 40 फीसदी, जबकि 31 जुलाई तक 30 फीसदी छूट का लाभ दिया गया। अब योजना का अंतिम चरण चल रहा है। 31 अगस्त तक बकाया जल शुल्क जमा करने वाले आवंटियों को ब्याज की रकम पर 20 फीसदी छूट मिलेगी। इसके बाद OTS योजना स्वतः समाप्त हो जाएगी और बकाएदारों को सामान्य नियमों के तहत बकाया राशि एवं लागू ब्याज का भुगतान करना होगा।

प्राधिकरण की ओर से बकाएदारों से अपील की गई है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करें और निर्धारित अवधि के भीतर अपने बकाया पानी के बिल का भुगतान कर योजना का लाभ उठाएं।

करीब 84 करोड़ रुपये का जल शुल्क बकाया

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के आंकड़ों के अनुसार विभिन्न श्रेणियों के आवंटियों पर करीब 84 करोड़ रुपये का पानी का बिल बकाया है। इसमें अलग-अलग प्रकार के उपभोक्ता और आवंटी शामिल हैं। बकाया राशि में बिल्डर सोसाइटियों, आवासीय आवंटियों, संस्थागत इकाइयों, औद्योगिक इकाइयों, आवासीय समितियों, आईटी एवं कॉमर्शियल आवंटियों सहित अन्य श्रेणियों के बकाएदार शामिल हैं।

प्राधिकरण की कोशिश है कि OTS योजना के माध्यम से अधिक से अधिक बकाया जल शुल्क की वसूली की जा सके और आवंटियों को भी ब्याज के बोझ से राहत मिले। इसी उद्देश्य से तीन महीने की अवधि में अलग-अलग चरणों में ब्याज पर छूट प्रदान की गई।

31 अगस्त के बाद नहीं मिलेगा OTS का लाभ

अधिकारियों के मुताबिक 31 अगस्त OTS योजना की अंतिम समयसीमा है। इसके बाद बकाया जल शुल्क के ब्याज पर 20 फीसदी छूट का लाभ नहीं दिया जाएगा। ऐसे में जिन आवंटियों ने अभी तक अपने बकाया पानी के बिल का भुगतान नहीं किया है, उनके पास योजना का लाभ लेने के लिए सीमित समय बचा है। प्राधिकरण का मानना है कि समयसीमा के भीतर भुगतान करने से एक ओर जहां आवंटियों को ब्याज में छूट मिलेगी, वहीं दूसरी ओर प्राधिकरण के बकाया जल शुल्क की वसूली भी सुनिश्चित होगी।

2026-27 में नहीं बढ़ाया गया जल मूल्य

वहीं, ग्रेटर नोएडा के जल उपभोक्ताओं के लिए एक और महत्वपूर्ण राहत की बात यह है कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में जल मूल्य में वृद्धि नहीं की गई है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार की पहल पर इस वित्तीय वर्ष में जल मूल्य को पूर्व दरों पर ही रखने का निर्णय लिया गया है। इससे जल उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक भार नहीं पड़ेगा। बता दें कि इससे पहले प्राधिकरण की ओर से जल मूल्य में प्रत्येक वर्ष करीब 10 फीसदी की वृद्धि की जाती रही है। ऐसे में इस वर्ष जल मूल्य में वृद्धि नहीं करने का फैसला जल उपभोक्ताओं के लिए राहत के रूप में देखा जा रहा है।

बकाएदारों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है अंतिम मौका?

जल शुल्क के बकाएदारों के लिए 31 अगस्त तक मिलने वाली 20 फीसदी ब्याज छूट इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इसके बाद OTS योजना समाप्त हो जाएगी। योजना समाप्त होने के बाद बकाया राशि का भुगतान करने पर ब्याज में यह विशेष रियायत उपलब्ध नहीं होगी। प्राधिकरण की ओर से बकाएदारों को सलाह दी जा रही है कि वे अपने जल शुल्क खाते की स्थिति की जांच कर बकाया राशि का समय से भुगतान करें। खासतौर पर बड़ी सोसाइटियों, औद्योगिक इकाइयों और संस्थागत परिसरों के लिए यह मौका महत्वपूर्ण है, क्योंकि लंबे समय से बकाया राशि पर जमा ब्याज भी अच्छी-खासी रकम हो सकती है।

इसलिए पानी के बिल के बकाएदारों के पास अब 31 अगस्त 2026 तक 20 फीसदी ब्याज छूट का लाभ लेने का अंतिम अवसर है। इसके बाद एकमुश्त समाधान योजना समाप्त हो जाएगी और ब्याज में यह विशेष छूट उपलब्ध नहीं होगी।