ग्रेटर नोएडा, रफ्तार टुडे अथॉरिटी में तमाम अधिकारी और कर्मचारी अपने बैठने के लिए कमरे और फर्नीचर तलाशते फिरते रहते हैं। वहीं इस प्राधिकरण में एक ऐसा कर्मचारी भी है जिसके पास दो दफ्तर और 3 पद हैं। वह पिछले 8 वर्षों से बगैर चुनाव कराए ग्रेटर नोएडा एंप्लाइज असोसिएश के अध्यक्ष बने बैठे हैं। उनके पास अथॉरिटी के टावर-ए में दो दफ्तर हैं। शायद इसे ही हनक कहते हैं।

अथॉरिटी के टावर-ए में ग्राउड फ्लोर पर एक कमरे में सोफा, कुर्सी और मेज डालकर दफ्तर बना रखा है। दरवाजे के बाहर प्रभारी कस्टमर रिलेशन सेल और स्टाफ आफिसर लिखा बोर्ड लगाया हुआ है। टावर-ए में ही फर्स्ट फलोर पर दूसरे कमरे में दूसरा दफ्तर है। इस कमरे के बाहर अध्यक्ष ग्रेटर नोएडा एंप्लाइज असोसिएशन का बोर्ड लगाया हुआ है। इस तरह ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी में बगैर चुनाव कराए 8 साल से एंप्लाइज असोसिएशन का बोर्ड लगाकर दो कमरों पर कब्जा करने का मामला आजकल अथॉरिटी में चर्चा का विषय बना हुआ है।

अथॉरिटी के अधिकारी और कर्मचारियों का कहना है कि दो कमरे का अलग-अलग जगहों पर दफ्तर तो अथॉरिटी में सीईओ और एसीईओ समेत अन्य किसी अधिकारी या कर्मचारी तक के पास नहीं है। कई विभागों में तो एक ही कमरे में दो-दो अधिकारी और कर्मचारी एक साथ बैठकर काम करते हैं।