फिरोजपुर झिरका8 घंटे पहले

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पहले बकरी का दूध महज 50 रुपए लीटर बिकता था। - Dainik Bhaskar

पहले बकरी का दूध महज 50 रुपए लीटर बिकता था।

  • पपीता 100 रुपए किलो तो कीवी का फल 400 रुपए किलो

हरियाणा के नूंह जिले में डेंगू का प्रकोप लगातार बढ़ता ही जा रहा है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक 96 केस सामने आए हैं। जबकि जिले के निजी अस्पतालों में 200 से भी ज्यादा मरीज सामने आ चुके हैं। इसके अलावा भी डेंगू के कई मरीज पड़ोसी जिलों में ऐडमिट हैं।

दूसरी तरफ डेंगू के बढ़ते प्रकोप के बीच बकरी रखने वाले चरवाहों की बल्ले बल्ले हो गई है। राज्य में बकरी के दूध के अचानक दाम बढ़ गए हैं। जहाँ पहले बकरी का दूध महज 50 रुपए लीटर बिकता था, वहीं अब बकरी का दूध 400 से 500 रुपए प्रति लीटर हो चुका है। हरियाणा के लोगों का मानना है कि बकरी का दूध प्लेटलेट्स बढ़ाने में काफी ज्यादा फायदेमंद होता है, लेकिन डॉक्टर इस बात से साफ इनकार कर रहे हैं।

वही चौथी गुर्जर, इशाक मोहम्मद, अशोक गुर्जर, बंजारा गुर्जर, लियाकत अली ने बताया है कि डेंगू के चलते बकरी के दूध की मांग बढ़ गई है। एक महीने पहले बकरी का दूध 50 रुपए लीटर बिकता था, जो अब 300 रुपए तक बिक रहा है। वही शहर के कुछ उपचारक डॉक्टर महेंद्र गर्ग, जितेंद्र गर्ग, डॉ श्याम, डॉ चौहान का कहना है कि डेंगू का बुखार सबसे ज्यादा बच्चों को टारगेट बना रहा है।

इससे निजात पाने के लिए सबसे पहले मरीज साफ सफाई का ध्यान रखें और अपने घरों के पास पानी एकत्रित न होने दें। अगर कोई व्यक्ति डेंगू के बुखार से ग्रसित हो जाता है तो ऐसे में मरीज पपीते व कीवी के फलों का इस्तेमाल करें और नारियल के पानी को पिए, ताकि बच्चों में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ सके।

लेकिन इन दिनों पपीता 100 रुपए किलो, कीवी 400 रुपए किलो और नारियल का पानी का दाम 100 रुपए है। जोकि यह दाम गरीब लोगों के कमर तोड़ रहा है। इधर मरीजों को डॉक्टर द्वारा प्रदान की गई दवाइयों के खर्चों की पूर्ति नहीं हो पा रही है।

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