ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टुडे।
ग्रेटर नोएडा के सेक्टर डेल्टा-2 में बिजली और सुरक्षा संबंधी समस्याएँ लगातार निवासियों को परेशान कर रही हैं। इसी क्रम में सेक्टर आरडब्ल्यूए (रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन) के पदाधिकारियों ने एनपीसीएल (Noida Power Company Limited) के संबंधित विभागों के अधिकारियों से मुलाकात कर बिजली आपूर्ति, पैनल बदलने, अवैध विद्युत उपयोग और सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की। बैठक आरडब्ल्यूए महासचिव आलोक नागर के आवास पर आयोजित हुई, जिसमें अध्यक्ष बॉबी भाटी सहित कई पदाधिकारी और निवासी मौजूद रहे।

आरडब्ल्यूए की पहल – समस्याओं का समाधान ही प्राथमिकता

अध्यक्ष बॉबी भाटी और महासचिव आलोक नागर ने स्पष्ट कहा कि—“सेक्टर डेल्टा-2 के लोग लंबे समय से समस्याओं का सामना कर रहे हैं। बिजली कटौती, जर्जर तार, अधूरे खुदाई कार्य और अवैध कनेक्शन जैसी परेशानियों को अब और नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। NPCIL को उपभोक्ताओं की सुविधाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए तत्काल समाधान करना चाहिए।”

लंबे पावर कट का स्थायी समाधान जरूरी

बैठक का पहला और सबसे बड़ा मुद्दा रहा—लंबे समय तक लगने वाले पावर कट।
निवासियों का कहना है कि छोटे-छोटे फॉल्ट के कारण भी घंटों बिजली गुल रहती है। इससे न केवल बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है बल्कि घरेलू उपकरण भी बार-बार खराब हो रहे हैं।
एनपीसीएल अधिकारियों से मांग की गई कि तकनीकी खामियों को दूर कर स्थायी समाधान निकाला जाए ताकि सेक्टर को बार-बार अंधेरे में न रहना पड़े।

जले और खराब पैनलों की तुरंत बदली की मांग

सेक्टर में कई जगहों पर जले और खराब पैनल पड़े हैं, जिनके कारण बिजली सप्लाई बार-बार बाधित होती है।
आरडब्ल्यूए ने जोर देकर कहा कि ऐसे पैनलों को जल्द बदला जाए ताकि सप्लाई सुचारु रहे और लोगों को परेशानी न उठानी पड़े।

अतिरिक्त सुरक्षा शुल्क वसूली पर रोक

बैठक में यह मुद्दा भी प्रमुखता से उठा कि निवासियों से अतिरिक्त सुरक्षा शुल्क (Additional Security Charges) वसूले जा रहे हैं, जबकि यह पूरी तरह अनुचित है।
आरडब्ल्यूए ने कहा कि बिना अनुमति और नियमों के बाहर जाकर की गई ऐसी वसूली को तत्काल रोका जाए।

अधूरी खुदाई और खराब मरम्मत – बड़ी समस्या

बैठक में निवासियों ने शिकायत की कि जब भी विद्युत केबलों में फॉल्ट आता है, मरम्मत के लिए खुदाई की जाती है। लेकिन कार्य अधूरा छोड़ दिया जाता है जिससे गड्ढे और टूटी सड़कें लंबे समय तक बनी रहती हैं।
आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों ने मांग की कि भविष्य में सभी खुदाई कार्य मानक के अनुसार पूरी फिनिशिंग के साथ पूरे किए जाएं।

स्ट्रीट लाइट्स की खराबी – सुरक्षा पर खतरा

सेक्टर की कई आंतरिक सड़कों पर स्ट्रीट लाइट्स या तो खराब हैं या पूरी तरह अनुपस्थित।निवासियों ने अधिकारियों से कहा कि रात के समय अंधेरा रहने से अपराध और दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है। इसलिए सभी स्ट्रीट लाइट्स को तुरंत ठीक किया जाए।

ट्रांसफॉर्मरों की सुरक्षा पर भी जोर

सेक्टर में लगे ट्रांसफॉर्मरों के पास उचित सुरक्षा घेराबंदी (फेंसिंग) नहीं है।
इस वजह से अक्सर बच्चे और राहगीर खतरे में रहते हैं। आरडब्ल्यूए ने एनपीसीएल से ट्रांसफॉर्मरों के चारों ओर मजबूत फेंसिंग लगाने की मांग की ताकि दुर्घटनाओं से बचाव हो सके।

पुराने तार और बार-बार शॉर्ट सर्किट की दिक्कत

आरडब्ल्यूए ने यह भी बताया कि कई जगह पुराने और जर्जर तार लगे हैं, जिनसे बार-बार शॉर्ट सर्किट और फॉल्ट की समस्या होती है।
निवासियों का कहना है कि इन तारों को बदलना अब बेहद जरूरी है ताकि गर्मी और बारिश के मौसम में बड़ी दुर्घटनाओं से बचा जा सके।

शिकायत निस्तारण में देरी – निवासियों की नाराजगी

बैठक में यह भी शिकायत सामने आई कि जब निवासी शिकायत दर्ज कराते हैं तो उसका निस्तारण बहुत देर से होता है।
आरडब्ल्यूए ने मांग की कि त्वरित शिकायत निस्तारण प्रणाली लागू की जाए, जिससे उपभोक्ताओं को समय पर राहत मिल सके।

अवैध बिजली उपयोग पर रोक लगाने की मांग

सेक्टर के भीतर कई खाली प्लॉटों में मजदूर परिवार बिना वैध कनेक्शन के रह रहे हैं और चोरी से बिजली का उपयोग कर रहे हैं।
आरडब्ल्यूए ने एनपीसीएल से तत्काल कार्रवाई करने की मांग की ताकि अवैध विद्युत उपयोग को रोका जा सके और सेक्टर की बिजली आपूर्ति पर अतिरिक्त बोझ न पड़े।

बैठक में शामिल रहे पदाधिकारी और निवासी

इस बैठक में आरडब्ल्यूए से जुड़े कई पदाधिकारी और समाजसेवी मौजूद रहे। इनमें प्रमुख रूप से—

अध्यक्ष – बॉबी भाटी, महासचिव – आलोक नागर, उपाध्यक्ष – रिंकू भाटी, एडवोकेट अनिल भाटी, अमरिंदर सिंह, प्रमोद शर्मा, रामवीर चौधरी सहित अन्य लोग शामिल रहे।

सभी ने एक स्वर में कहा कि अब समय आ गया है कि एनपीसीएल उपभोक्ताओं की समस्याओं को प्राथमिकता देते हुए जल्द और ठोस समाधान सुनिश्चित करे।

निवासियों की उम्मीदों पर खरी उतरे NPCIL

इस बैठक से साफ संदेश गया कि सेक्टर डेल्टा-2 के लोग अब समस्याओं को लेकर पूरी तरह सजग और संगठित हैं। उन्होंने एनपीसीएल अधिकारियों को चेताया कि यदि जल्द ही समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो बड़े स्तर पर आंदोलन भी किया जा सकता है।

निवासियों की अपेक्षा यही है कि अब बिजली और सुरक्षा से जुड़ी परेशानियों का अंत हो और सेक्टर डेल्टा-2 को सुविधाजनक और सुरक्षित आवासीय क्षेत्र बनाया जाए।