नई दिल्ली7 घंटे पहले
- कॉपी लिंक
उच्च न्यायालय ने कहा है कि राजधानी में अतिक्रमण करने वालों या रेहड़ी पटरी लगाने वालों को अवैध कब्जा करने की अनुमति नहीं दी जा सकती है। न्यायालय ने कहा है कि अतिक्रमण को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए। सभी अनधिकृत रेहड़ी-पटरी वालों को उनके बोरिया-बिस्तर के साथ हटाया जाना चाहिए। जस्टिस विपिन सांघी और जसमीत सिंह की पीठ ने कनॉट प्लेस से अनधिकृत रेहड़ी-पटरी वालों हटाने का निर्देश देते हुए यह टिप्पणी की है।
पीठ ने कहा है कि जिन क्षेत्रों में सामान बेचने पर प्रतिबंध है, वहां आखिर फेरीवालों और विक्रेताओं को क्यों नहीं हटाया जाता है। न्यायालय ने कहा है कि इस तरह के मामले में संबंधित विभाग द्वारा कार्रवाई में विफलता का स्वस्थ एवं स्वच्छ पर्यावरण और नागरिकों के जीवन के अधिकार पर बहुत बुरा और प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
Source link

Comments (0)
Leave a Comment