ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टूडे। ग्रेटर नोएडा के Sector Beta-1 में इन दिनों आवारा कुत्तों का आतंक लोगों के लिए बड़ी परेशानी और डर का कारण बनता जा रहा है। हालात ऐसे हो चुके हैं कि सुबह-शाम टहलना तो दूर, घर से बाहर निकलना भी लोगों के लिए जोखिम भरा बन गया है।
ताजा घटना में सेक्टर निवासी रैनू वर्मा को एक आवारा कुत्ते ने काट लिया, जिससे पूरे इलाके में भय और आक्रोश का माहौल बन गया है।


तीन महिलाओं को बना चुके हैं शिकार, बढ़ रहा खतरा
स्थानीय निवासियों के अनुसार, अब तक सेक्टर में कम से कम तीन महिलाओं को आवारा कुत्ते काट चुके हैं। खास बात यह है कि इन घटनाओं में अधिकतर बुजुर्ग महिलाएं निशाना बनी हैं, जिससे सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
लोगों का कहना है कि कुत्तों के झुंड अचानक हमला कर देते हैं, जिससे बचाव का मौका तक नहीं मिलता।

बच्चे और बुजुर्ग सबसे ज्यादा डरे हुए
सेक्टर में रहने वाले परिवारों का कहना है कि अब बच्चों को बाहर खेलने भेजना मुश्किल हो गया है। वहीं बुजुर्ग सुबह की सैर या मंदिर जाने से भी डरने लगे हैं।
निवासियों के मुताबिक, सुबह और शाम के समय कुत्तों की संख्या ज्यादा रहती है और वे आक्रामक व्यवहार करते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका और बढ़ जाती है।


RWA ने उठाई आवाज, प्रशासन से की सख्त कार्रवाई की मांग
सेक्टर के RWA महासचिव हरेन्द्र भाटी ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार Greater Noida Authority और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को सूचित किया जा चुका है।
उन्होंने मांग की है कि क्षेत्र में जल्द से जल्द आवारा कुत्तों का टीकाकरण (एंटी-रेबीज) और नसबंदी अभियान चलाया जाए, ताकि उनकी संख्या और आक्रामकता पर नियंत्रण पाया जा सके।

प्राधिकरण पर लापरवाही के आरोप, लोगों में बढ़ रहा आक्रोश
स्थानीय लोगों का आरोप है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद प्राधिकरण इस गंभीर समस्या को नजरअंदाज कर रहा है।
निवासियों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई, तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है। लगातार बढ़ती घटनाओं ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।


समाधान की मांग: तुरंत अभियान जरूरी
विशेषज्ञों के अनुसार, इस तरह की समस्याओं से निपटने के लिए नियमित टीकाकरण, नसबंदी और मॉनिटरिंग बेहद जरूरी है। साथ ही, लोगों को भी सतर्क रहने और कुत्तों को उकसाने से बचने की सलाह दी जाती है।
लेकिन सबसे अहम जिम्मेदारी प्रशासन की है कि वह इस समस्या का स्थायी समाधान निकाले।

डर के साए में जी रहे लोग, कब जागेगा प्रशासन?
ग्रेटर नोएडा के सेक्टर बीटा-1 में बढ़ता आवारा कुत्तों का आतंक अब एक गंभीर जनसुरक्षा मुद्दा बन चुका है।
लोगों को उम्मीद है कि प्रशासन जल्द ही ठोस कदम उठाएगा, ताकि सेक्टर में फिर से सुरक्षित और सामान्य जीवन बहाल हो सके।