14 अक्टूबर को शाम 6 बजे निकलेगी भव्य राम बारात, सजी हुई बग्गी, आकर्षक झांकियां, ढोल-नगाड़े और पुष्पवर्षा रहेंगी मुख्य आकर्षण

ग्रेटर नोएडा वेस्ट, रफ़्तार टूडे। श्री रामलीला सेवा ट्रस्ट की ओर से आयोजित रामलीला में बुधवार को सीता स्वयंवर, भगवान श्रीराम द्वारा शिव धनुष तोड़ने, माता सीता के वरमाला पहनाने और लक्ष्मण-परशुराम संवाद की लीलाओं का भव्य मंचन किया गया। जैसे ही प्रभु श्रीराम ने शिव धनुष तोड़ा, रामलीला परिसर जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठा। वहीं, भगवान परशुराम और लक्ष्मण के बीच तीखे संवाद ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया।

रामलीला के दौरान कलाकारों ने रामायण के इन महत्वपूर्ण प्रसंगों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। दर्शकों ने भगवान श्रीराम और माता सीता के विवाह से जुड़े दृश्यों का आनंद लिया। अब बुधवार, 14 अक्टूबर को निकलने वाली भव्य राम बारात को लेकर क्षेत्रवासियों में उत्साह है।

गुरु विश्वामित्र के साथ जनकपुर पहुंचे श्रीराम और लक्ष्मण

लीला में दिखाया गया कि राजा जनक की ओर से धनुष यज्ञ का निमंत्रण मिलने के बाद गुरु विश्वामित्र भगवान श्रीराम और लक्ष्मण को साथ लेकर जनकपुर के लिए प्रस्थान करते हैं। मार्ग में प्रभु श्रीराम देवी अहिल्या का उद्धार करते हैं। इसके बाद जनकपुर पहुंचने पर पुष्पवाटिका में श्रीराम और माता जानकी के प्रथम मिलन का भावपूर्ण दृश्य प्रस्तुत किया गया। इसके बाद सीता स्वयंवर का आयोजन होता है, जिसमें देश-विदेश से आए राजा और राजकुमार भगवान शिव के धनुष पर प्रत्यंचा चढ़ाने का प्रयास करते हैं। रावण सहित कई राजाओं के प्रयास असफल हो जाते हैं। कोई भी धनुष को हिला तक नहीं पाता। अंत में गुरु विश्वामित्र की आज्ञा पाकर भगवान श्रीराम सहजता से शिव धनुष उठाते हैं और उसे तोड़ देते हैं।

धनुष टूटने के साथ ही स्वयंवर स्थल पर उत्साह छा जाता है। माता सीता भगवान श्रीराम के गले में वरमाला डालती हैं। इस प्रसंग का मंचन देखकर दर्शक जयकारे लगाने लगे और पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण से भर गया।

लक्ष्मण-परशुराम संवाद ने बढ़ाया रोमांच

शिव धनुष टूटने की आवाज सुनकर भगवान परशुराम राजा जनक के दरबार में पहुंचते हैं। धनुष टूटने पर उनके क्रोध और वहां मौजूद लोगों से सवाल-जवाब के प्रसंग को कलाकारों ने प्रभावशाली अंदाज में प्रस्तुत किया। इस दौरान लक्ष्मण और परशुराम के बीच हुए तीखे संवाद ने दर्शकों का ध्यान खींचा। लक्ष्मण के प्रत्युत्तर और परशुराम की ललकार से रामलीला का वातावरण रोमांचक हो गया। कलाकारों के संवाद और अभिनय पर दर्शकों ने उत्साह जताया।

आज शाम 6 बजे निकलेगी भव्य राम बारात

श्री रामलीला सेवा ट्रस्ट के मीडिया प्रभारी प्रशांत मिश्रा ने बताया कि 14 अक्टूबर को शाम 6 बजे भव्य राम बारात निकाली जाएगी। शोभायात्रा में सजी हुई बंद-बग्गी पर प्रभु श्रीराम की दिव्य सवारी विशेष आकर्षण रहेगी। इसके साथ ढोल-नगाड़े, भक्तिमय संगीत, आकर्षक झांकियां और भव्य सजावट बारात की शोभा बढ़ाएंगी। आयोजकों के अनुसार, राम बारात के दौरान मार्ग पर जय श्रीराम के जयकारे गूंजेंगे। पुष्पवर्षा और स्वागत के माध्यम से शोभायात्रा का अभिनंदन किया जाएगा। यह आयोजन धार्मिक आस्था के साथ भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं का संदेश देगा।

तैयारियां पूरी, बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की उम्मीद

राम बारात के प्रमुख कैलाश शर्मा और योगेंद्र शर्मा ने बताया कि आयोजन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि शोभायात्रा में बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी शामिल होंगे। कार्यक्रम की व्यवस्थाओं में मनीष मनोहर मिश्रा, राम मूर्ति पांडे, अमित बाजपेयी, दिलीप दीक्षित, प्रदीप कम्बोज, पंकज सैनी सहित अन्य लोग सहयोग कर रहे हैं। ट्रस्ट की ओर से रामलीला और राम बारात को सफल बनाने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं।